संस्कृत गिनती 1 से 100 तक: संख्यावाचक शब्द, लिंग नियम, क्रमवाचक एवं CTET/UPTET/REET/PGT के लिए 30+ MCQ
संस्कृत गिनती 1 से 100 तक: संख्यावाचक शब्द, लिंग नियम, क्रमवाचक एवं परीक्षा उपयोगी MCQ
संस्कृत गिनती (Sanskrit Ginti / Sankhya): प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए संपूर्ण और विस्तृत मार्गदर्शिका
संस्कृत व्याकरण और भाषा ज्ञान का एक ऐसा अनिवार्य एवं स्कोरिंग हिस्सा संख्या ज्ञान (संस्कृत गिनती) है, जिसके बिना संस्कृत विषय की किसी भी प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी अधूरी मानी जाती है। शिक्षक पात्रता परीक्षाएं (UPTET, CTET, Super TET, REET, BPSC TET, MPTET) या फिर संस्कृत विषय से TGT और PGT जैसी उच्च स्तरीय परीक्षाएं दे रहे हों, संस्कृत की संख्याएं (1 से 100 तक) आपके चयन में निर्णायक भूमिका निभाती हैं।
संस्कृत संख्या ज्ञान के महत्वपूर्ण नियम और व्याकरणिक आधार
संस्कृत में संख्याओं का प्रयोग केवल गिनती के लिए नहीं होता, बल्कि ये विशेषण (Adjectives) के रूप में कार्य करती हैं। इसलिए इनके प्रयोग में लिंग, विभक्ति और वचन का विशेष ध्यान रखना पड़ता है। आइए इसे मुख्य तथ्यों की सारणी से समझें:
| पहलू | विवरण |
| 1 से 4 तक की संख्याएं | ये तीनों लिंगों (पुल्लिंग, स्त्रीलिंग, नपुंसकलिंग) और सातों विभक्तियों में अलग-अलग रूप धारण करती हैं। |
| 5 से आगे की संख्याएं | ये सभी लिंगों में सर्वत्र समान (एक जैसी) रहती हैं और इनके रूप प्रायः बहुवचन में चलते हैं। |
संस्कृत गिनती: 1 से 10 तक (लिंग भेद सहित)
परीक्षाओं में अक्सर 1 से 4 तक की संख्याओं के तीनों लिंगों वाले रूपों से प्रश्न पूछे जाते हैं। नीचे दी गई सारणी में इनका संपूर्ण विवरण है:
| अंक | संस्कृत रूप (लिंग के आधार पर) |
| 1 | एकः (पुल्लिंग) | एका स्त्रीलिंग: | एकम् नपुंसकलिंग: |
| 2 | द्वौ (पुल्लिंग) | द्वे (स्त्रीलिंग) | (द्वे) नपुंसकलिंग: |
| 3 | त्रयः (पुल्लिंग) | (तिस्रः) स्त्रीलिंग: | (त्रीणि) नपुंसकलिंग: |
| 4 | चत्वारः (पुल्लिंग) | चतस्रः (स्त्रीलिंग) | चत्वारि (नपुंसकलिंग:) |
| 5 | पञ्च (सभी लिंगों में समान) |
| 6 | षट् (सभी लिंगों में समान) |
| 7 | सप्त (सभी लिंगों में समान) |
| 8 | अष्ट / अष्टौ (सभी लिंगों में समान) |
| 9 | नव (सभी लिंगों में समान) |
| 10 | दश (सभी लिंगों में समान) |
संस्कृत गिनती: 11 से 20 तक
11 से 20 तक की संख्याओं में उपसर्गों और पदों का संयोजन होता है। परीक्षा में इनकी वर्तनी (Spelling) पर विशेष ध्यान देना चाहिए:
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 11 | एकादश |
| 12 | द्वादश |
| 13 | त्रयोदश |
| 14 | चतुर्दश |
| 15 | पञ्चदश |
| 16 | षोडश |
| 17 | सप्तदश |
| 18 | अष्टादश |
| 19 | एकोनविंशतिः / ऊनविंशतिः / नवदश |
| 20 | विंशतिः |
संस्कृत गिनती: 21 से 30 तक
20 के बाद (विंशतिः) संख्याएं दहाई और इकाई के योग से बनती हैं, जैसे 'एकविंशतिः' (एक और बीस)।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 21 | एकविंशतिः |
| 22 | द्वाविंशतिः |
| 23 | त्रयोविंशतिः |
| 24 | चतुर्विंशतिः |
| 25 | पञ्चविंशतिः |
| 26 | षड्बिंशतिः / षड्विंशतिः |
| 27 | सप्तविंशतिः |
| 28 | अष्टाविंशतिः |
| 29 | एकोनत्रिंशत् / ऊनत्रिंशत् |
| 30 | त्रिंशत् |
संस्कृत गिनती: 31 से 40 तक
30 को संस्कृत में 'त्रिंशत्' कहा जाता है। 31 से 39 तक इसी में इकाइयां जोड़ी जाती हैं।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 31 | एकत्रिंशत् |
| 32 | द्वात्रिंशत् |
| 33 | त्रयस्त्रिंशत् |
| 34 | चतुस्त्रिंशत् |
| 35 | पञ्चत्रिंशत् |
| 36 | षट्त्रिंशत् |
| 37 | सप्तत्रिंशत् |
| 38 | अष्टत्रिंशत् |
| 39 | एकोनचत्वारिंशत् / ऊनचत्वारिंशत् |
| 40 | चत्वारिंशत् |
संस्कृत गिनती: 41 से 50 तक
40 के लिए 'चत्वारिंशत्' और 50 के लिए 'पञ्चाशत्' शब्द का प्रयोग होता है।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 41 | एकचत्वारिंशत् |
| 42 | द्विचत्वारिंशत् |
| 43 | त्रयश्चत्वारिंशत् |
| 44 | चतुश्चत्वारिंशत् |
| 45 | पञ्चचत्वारिंशत् |
| 46 | षट्चत्वारिंशत् |
| 47 | सप्तचत्वारिंशत् |
| 48 | अष्टचत्वारिंशत् |
| 49 | एकोनपञ्चाशत् / ऊनपञ्चाशत् |
| 50 | पञ्चाशत् |
संस्कृत गिनती: 51 से 60 तक
50 के बाद की संख्याएं पञ्चाशत् के आगे एक, द्वि, त्रि आदि जोड़कर बनाई जाती हैं।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 51 | एकपञ्चाशत् |
| 52 | द्विपञ्चाशत् |
| 53 | त्रिपञ्चाशत् |
| 54 | चतुःपञ्चाशत् |
| 55 | पञ्चपञ्चाशत् |
| 56 | षट्पञ्चाशत् |
| 57 | सप्तपञ्चाशत् |
| 58 | अष्टपञ्चाशत् |
| 59 | एकोनषष्टिः / ऊनषष्टिः |
| 60 | षष्टिः |
संस्कृत गिनती: 61 से 70 तक
60 को 'षष्टिः' तथा 70 को 'सप्ततिः' कहा जाता है।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 61 | एकषष्टिः |
| 62 | द्विषष्टिः |
| 63 | त्रिषष्टिः |
| 64 | चतुःषष्टिः |
| 65 | पञ्चषष्टिः |
| 66 | षट्षष्टिः |
| 67 | सप्तषष्टिः |
| 68 | अष्टषष्टिः |
| 69 | एकोनसप्ततिः / ऊनसप्ततिः |
| 70 | सप्ततिः |
संस्कृत गिनती: 71 से 80 तक
70 से 80 के मध्य की संख्याएं प्रतियोगी परीक्षाओं में मिलान करने वाले प्रश्नों में बहुतायत से पूछी जाती हैं।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 71 | एकसप्ततिः |
| 72 | द्विसप्ततिः |
| 73 | त्रिसप्ततिः |
| 74 | चतुःसप्ततिः |
| 75 | पञ्चसप्ततिः |
| 76 | षट्सप्ततिः |
| 77 | सप्तसप्ततिः |
| 78 | अष्टसप्ततिः |
| 79 | एकोनाशीतिः / ऊनाशीतिः |
| 80 | अशीतिः |
संस्कृत गिनती: 81 से 90 तक
80 के लिए 'अशीतिः' और 90 के लिए 'नवतिः' शब्द का प्रयोग होता है।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 81 | एकाशीतिः |
| 82 | द्व्याशीतिः |
| 83 | त्र्याशीतिः |
| 84 | चतुरशीतिः |
| 85 | पञ्चाशीतिः |
| 86 | षडाशीतिः |
| 87 | सप्ताशीतिः |
| 88 | अष्टाशीतिः |
| 89 | एकोननवतिः / ऊนนवतिः |
| 90 | नवतिः |
संस्कृत गिनती: 91 से 100 तक
यह खंड शतकीय यात्रा का अंतिम और अत्यंत महत्वपूर्ण चरण है।
| अंक | संस्कृत शब्द |
| 91 | एकनवतिः |
| 92 | द्विनवतिः |
| 93 | त्रिनवतिः |
| 94 | चतुर्नवतिः |
| 95 | पञ्चनवतिः |
| 96 | षण्णवतिः |
| 97 | सप्तनवतिः |
| 98 | अष्टनवतिः |
| 99 | एकोनशतम् / ऊनशतम् |
| 100 | शतम् |
Quick Revision (त्वरित पुनरावृत्ति)
परीक्षा से ठीक पहले तेजी से रिवीजन करने के लिए महत्वपूर्ण नियमों की संक्षेप सारणी:
| मुख्य नियम | विवरण |
| कम संख्या दर्शाने के नियम | 19, 29, 39 जैसी संख्याओं के लिए 'एकोन' (एक कम) या 'ऊन' उपसर्ग जोड़ा जाता है। |
| शतम् का लिंग | 'शतम्' (100) शब्द नपुंसकलिंग का होता है। |
प्रश्न 1: संस्कृत में '19' संख्या के लिए निम्नलिखित में से कौन सा शब्द प्रयुक्त होता है?
a. ऊनविंशतिः
b. एकोनविंशतिः
c. उपर्युक्त दोनों
d. नवदश
उत्तर: c. उपर्युक्त दोनों
प्रश्न 2: संस्कृत में '99' संख्या को क्या कहा जाता है?
a. नवनवतिः
b. एकोनशतम्
c. ऊनशतम्
d. विकल्प b और c दोनों
उत्तर: d. विकल्प b और c दोनों
प्रश्न 3: संस्कृत में 'चत्वारः' किस संख्या का पुल्लिंग रूप है?
a. 3
b. 4
c. 5
d. 6
उत्तर: b. 4
प्रश्न 4: 'षोडश' संख्या का सही अंक मान क्या है?
a. 14
b. 15
c. 16
d. 17
उत्तर: c. 16
प्रश्न 5: संस्कृत में '90' को क्या कहा जाता है?
a. अशीतिः
b. नवतिः
c. शतम्
d. सप्ततिः
उत्तर: b. नवतिः
प्रश्न 6: संख्या '8' के लिए संस्कृत में कौन सा शब्द प्रयोग होता है?
a. सप्त
b. अष्ट / अष्टौ
c. नव
d. दश
उत्तर: b. अष्ट / अष्टौ
प्रश्न 7: 'त्रिंशत्' शब्द का क्या अर्थ होता है?
a. 20
b. 30
c. 40
d. 50
उत्तर: b. 30
प्रश्न 8: संस्कृत में '29' संख्या को लिखने का सही रूप क्या है?
a. एकोनविंशतिः
b. एकोनत्रिंशत्
c. ऊनत्रिंशत्
d. विकल्प b और c दोनों सही हैं
उत्तर: d. विकल्प b और c दोनों सही हैं
प्रश्न 9: 'चतस्रः' रूप किस संख्या और लिंग से संबंधित है?
a. 4 (स्त्रीलिंग)
b. 4 (पुल्लिंग)
c. 3 (स्त्रीलिंग)
d. 5 (नपुंसकलिंग)
उत्तर: a. 4 (स्त्रीलिंग)
प्रश्न 10: संस्कृत में '70' संख्या को क्या कहते हैं?
a. षष्टिः
b. सप्ततिः
c. अशीतिः
d. नवतिः
उत्तर: b. सप्ततिः
प्रश्न 11: 'पञ्चविंशतिः' का सही अंक मान कितना है?
a. 15
b. 25
c. 35
d. 52
उत्तर: b. 25
प्रश्न 12: संस्कृत में '3' को पुल्लिंग रूप में क्या लिखा जाता है?
a. त्रीणि
b. तिस्रः
c. त्रयः
d. त्रि
उत्तर: c. त्रयः
प्रश्न 13: 'अष्टादश' संख्या का अंक मान क्या है?
a. 18
b. 80
c. 88
d. 28
उत्तर: a. 18
प्रश्न 14: संस्कृत में '80' संख्या के लिए कौन सा शब्द निश्चित है?
a. सप्ततिः
b. अशीतिः
c. नवतिः
d. शतम्
उत्तर: b. अशीतिः
प्रश्न 15: 'द्विषष्टिः' का सही अंक मान क्या है?
a. 26
b. 62
c. 22
d. 60
उत्तर: b. 62
प्रश्न 16: 'चतुःसप्ततिः' संख्या का अंक मान क्या है?
a. 47
b. 74
c. 44
d. 77
उत्तर: b. 74
प्रश्न 17: संस्कृत में संख्या '100' को क्या पुकारा जाता है?
a. सहस्रम्
b. शतम्
c. दशम्
d. अयुतम्
उत्तर: b. शतम्
प्रश्न 18: 'एकविंशतिः' शब्द का अर्थ क्या है?
a. 11
b. 21
c. 31
d. 12
उत्तर: b. 21
प्रश्न 19: संस्कृत भाषा में '60' की संख्या को क्या कहा जाता है?
a. पञ्चाशत्
b. षष्टिः
c. सप्ततिः
d. अशीतिः
उत्तर: b. षष्टिः
प्रश्न 20: 'पञ्चाशत्' का अंक मान कितना होता है?
a. 15
b. 50
c. 55
d. 45
उत्तर: b. 50
प्रश्न 21: संस्कृत में '96' संख्या के लिए सही शब्द क्या है?
a. षड्विंशतिः
b. षण्णवतिः
c. षोडश
d. षण्णवति
उत्तर: b. षण्णवतिः
प्रश्न 22: 'चतुरशीतिः' का अंक मान क्या है?
a. 48
b. 84
c. 44
d. 88
उत्तर: b. 84
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न)
Q1: क्या 1 से 4 तक की संस्कृत संख्याएं सभी लिंगों में बदलती हैं?
उत्तर: हाँ, 1 (एकः/एका/एकम्), 2 (द्वौ/द्वे), 3 (त्रयः/तिस्रः/त्रीणि) और 4 (चत्वारः/चतस्रः/चत्वारि) के रूप तीनों लिंगों (पुल्लिंग, स्त्रीलिंग, नपुंसकलिंग) में अलग-अलग होते हैं। 5 से आगे की संख्याएं सभी लिंगों में एक समान रहती हैं।
Q2: 19, 29, 39 जैसी संख्याओं को लिखने के कितने विकल्प हैं?
उत्तर: इन संख्याओं को लिखने के लिए 'एकोन' (एक कम) या 'ऊन' (कम) उपसर्ग का प्रयोग किया जाता है (जैसे- एकोनविंशतिः या ऊनविंशतिः)। दोनों ही रूप व्याकरण की दृष्टि से पूर्णतः शुद्ध और मान्य हैं।
Q3: प्रतियोगी परीक्षाओं में संस्कृत गिनती से किस प्रकार के प्रश्न आते हैं?
उत्तर: परीक्षाओं में सीधे संख्या का संस्कृत नाम पूछ लिया जाता है, या फिर मिलान करने वाले प्रश्न, लिंग आधारित रूप (जैसे तिस्रः या चतस्रः) और अशुद्ध वर्तनी वाले शब्दों की पहचान से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं।
निष्कर्ष
संस्कृत व्याकरण में संस्कृत गिनती (संख्या ज्ञान) एक अत्यंत सरल, तार्किक और शत-प्रतिशत अंक दिलाने वाला टॉपिक है। यदि अभ्यर्थी 1 से 100 तक की संख्याओं के मानक रूपों, उनके वर्तनी संबंधी विशिष्ट नियमों (जैसे षण्णवतिः, षोडश, चतुर्दश) और विशेष रूप से 1 से 4 तक के लिंगभेदों को भली-भांति तैयार कर लें, तो UPSSSC, UPTET, CTET, Super TET, TGT, PGT तथा अन्य राज्य स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं में उनका एक भी अंक नहीं कटेगा। नियमित अभ्यास और इस लेख में संकलित बहुविकल्पीय प्रश्नों (MCQs) का बार-बार रिवीजन आपकी सफलता को सुनिश्चित करेगा।
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