भाववाचक संज्ञा | परिभाषा, भेद, उदाहरण | Bhavwachak Sangya in Hindi

 इस लेख में हम भाववाचक संज्ञा (Abstract Noun ) के बारे में प्रतियोगी परीक्षा की दृष्टी से विस्तृत अध्यन करेंगे

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भाववाचक संज्ञा (Bhavwachak Sangya / Abstract Noun in Hindi): अर्थ, परिभाषा, निर्माण के नियम, उदाहरण और PYQs

यदि आप UPP (UP Police Constable/SI/ASI), UPSI, UPSSSC (PET/VDO/Junior Assistant/Lekhpal), SSC GD, UPTET, SUPERTET या अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, तो हिंदी व्याकरण का अध्याय 'भाववाचक संज्ञा' (Abstract Noun) अत्यंत महत्वपूर्ण है। परीक्षाओं में भाववाचक संज्ञा की पहचान, शब्दों से भाववाचक संज्ञा का निर्माण और वाक्य प्रयोग से संबंधित 2 से 3 प्रश्न सीधे पूछे जाते हैं।

1. भाववाचक संज्ञा क्या है?

  • परिभाषा: जिन संज्ञा शब्दों से किसी वस्तु या व्यक्ति के गुण, दोष, दशा, स्वभाव, स्थिति, भाव या कार्य का बोध होता है, उन्हें भाववाचक संज्ञा कहते हैं।

  • मुख्य विशेषताएँ

    1. आभासी एवं अनुभवजन्य: ये शब्द अमूर्त (Abstract) होते हैं; इन्हें केवल अनुभव द्वारा महसूस किया जा सकता है।

    2. अस्पर्शी (Intangible): इन्हें भौतिक रूप से देखा या स्पर्श (छुा) नहीं जा सकता।

    3. एकवचन रूप: भाववाचक संज्ञाएँ सदैव एकवचन में प्रयुक्त होती हैं। यदि किसी भाववाचक संज्ञा का बहुवचन बना दिया जाए, तो वह जातिवाचक संज्ञा बन जाती है (उदा. दूरी → दूरियाँ)।

┌──────────────────┐
│ भाववाचक संज्ञा की मुख्य पहचान      │
└────────────┬─────┘
                                       │
   ┌─────────────┼───────────────────┐
   ▼                                            ▼                                   ▼
अनुभवजन्य (Experienced)              अस्पर्शी (Intangible)       प्रत्यय-निर्मित (Suffix-based)
   ├── मिठास                            ├── सुख / दुःख                 ├── -ता (सुंदरता)
   ├── बचपन                            ├── हर्ष / क्रोध                  ├── -त्व (पुरुषत्व)
   └── बुढ़ापा                            └── पीड़ा                         └── -पन (अपनापन)

2. भाववाचक संज्ञा का वर्गीकरण एवं उदाहरण

भाववाचक संज्ञाओं को मुख्यतः दो वर्गों में बाँटा जा सकता है:

(A) मूल भाववाचक संज्ञा (बिना प्रत्यय वाले)

जो शब्द मूल रूप से भाव को ही प्रकट करते हैं और जिनमें कोई प्रत्यय नहीं लगा होता:

  • उदाहरण: प्रेम, दया, घृणा, शोक, क्रोध, उल्लास, उमंग, भूख, प्यास, दर्द, शर्म, मोह, माया, लोभ, साहस।

(B) यौगिक भाववाचक संज्ञा (प्रत्यय द्वारा निर्मित)

जो शब्द अन्य व्याकरणिक कोटियों (जातिवाचक संज्ञा, सर्वनाम, विशेषण, क्रिया, अव्यय) में प्रत्यय जोड़कर बनाए जाते हैं:

  • उदाहरण: मिठास (मीठा + आस), सजावट (सजाना + आवट), वीरता (वीर + ता), ईमानदारी (ईमानदार + ई), बचपन (बच्चा + पन)।

3. भाववाचक संज्ञा बनाने के प्रमुख नियम (Rules for Formation)

भाववाचक संज्ञा का निर्माण 5 प्रकार के शब्दों में प्रत्यय जोड़कर किया जाता है:

                          ┌──────────────┐
                          │भाववाचक संज्ञा का निर्माण │
                          └────┬─────────┘
│ ┌───────────┼───────┬───────┬───────┐
▼ ▼ ▼ ▼ ▼ 1. जातिवाचक से 2. सर्वनाम से 3. विशेषण से 4. क्रिया से 5. अव्यय से (मानव ➔ मानवता) (अपना ➔ अपनत्व) (वीर ➔ वीरता) (चढ़ना ➔ चढ़ाई) (दूर ➔ दूरी)

(1) जातिवाचक संज्ञा से भाववाचक संज्ञा बनाना

जातिवाचक संज्ञाप्रत्ययभाववाचक संज्ञाजातिवाचक संज्ञाप्रत्ययभाववाचक संज्ञा
पुरुष-त्वपुरुषत्वपशु-तापशुता / पशुत्व
नारी-त्वनारीत्वमानव-तामानवता
बच्चा-पनबचपनचोर-ीचोरी
मित्र-तामित्रताशत्रु-ताशत्रुता

(2) सर्वनाम से भाववाचक संज्ञा बनाना

सर्वनामप्रत्ययभाववाचक संज्ञासर्वनामप्रत्ययभाववाचक संज्ञा
अपना-त्व / -पनअपनत्व / अपनापनमम-त्व / -ताममत्व / ममता
निज-त्व / -तानिजत्व / निजताअहं-कारअहंकार

(3) विशेषण से भाववाचक संज्ञा बनाना

विशेषणप्रत्ययभाववाचक संज्ञाविशेषणप्रत्ययभाववाचक संज्ञा
वीर-ता / -त्ववीरता / वीरत्वहरा-यालीहरियाली
अच्छा-ईअच्छाईसुंदर-ता / (अण्)सुंदरता / सौंदर्य
बुरा-ईबुराईकोमल-ताकोमलता
सच्चा-ईसच्चाईकटु-ताकटुता
भोला-पनभोलापनमधुर-तामधुरता
लाल-इमालालिमासरल-तासरलता
धीरो-ता / -त्वधीरता / धीरत्वअमीर-ीअमीरी
ललित(अण्)लालित्यगरीब / निर्धन-ी / -तागरीबी / निर्धनता
लंबा-आईलंबाईबीमार-ीबीमारी
ऊँचा-आईऊँचाईभला-ईभलाई
गहरा-आईगहराईरोगी-त्व / रोगरोग / रुग्णता

(4) क्रिया से भाववाचक संज्ञा बनाना

क्रियाप्रत्ययभाववाचक संज्ञाक्रियाप्रत्ययभाववाचक संज्ञा
चढ़ना-आईचढ़ाईभटकना-आवभटकाव
थकना-आनथकानपढ़ना-आईपढ़ाई
घबराना-आहटघबराहटलिखना-आई / -वटलिखाई / लिखावट

(5) अव्यय से भाववाचक संज्ञा में परिवर्तन

अव्ययप्रत्ययभाववाचक संज्ञाअव्ययप्रत्ययभाववाचक संज्ञा
दूर-ीदूरीसमीप-तासमीपता
नीचे-आईनिचाईनिकट-तानिकटता
ऊपर-आई / -ीऊँचाई / ऊपरीशीघ्र-ता

4. वाक्य प्रयोग के महत्वपूर्ण उदाहरण

  • अमन की लिखावट अच्छी नहीं है। (क्रिया से निर्मित)

  • कश्मीर की सुंदरता सर्वोपरि है। (विशेषण से निर्मित)

  • जवानी में व्यक्ति अधिक क्रियाशील होता है। (दशा का बोध)

  • मानवता प्रत्येक व्यक्ति का मुख्य धर्म होता है। (जातिवाचक संज्ञा से निर्मित)

  • बीमारी व्यक्ति को निर्धन बना देती है। (विशेषण से निर्मित)

  • गरीबी अशिक्षा को जन्म देती है। (विशेषण से निर्मित)

  • अमीरी व्यक्ति को अहंकारी बना देती है। (विशेषण से निर्मित)

  • बुराई पतन का प्रमुख कारण है। (गुण/दोष का बोध)

5. विगत वर्षों में पूछे गए प्रश्न (Previous Year Solved MCQs)

Q2. 'सुंदर' शब्द की भाववाचक संज्ञा क्या होगी? (UP Police Constable)

  • (A) सुंदरता

  • (B) सौंदर्य

  • (C) केवल (A)

  • (D) (A) और (B) दोनों

    उत्तर: (D) (A) और (B) दोनों (सुंदरता एवं सौंदर्य दोनों सही रूप हैं)

Q3. 'ममत्व' शब्द किस शब्द-भेद से बनी भाववाचक संज्ञा है? (UPSI)

  • (A) विशेषण से

  • (B) सर्वनाम से

  • (C) क्रिया से

  • (D) जातिवाचक संज्ञा से

    उत्तर: (B) सर्वनाम से (मम/अपना सर्वनाम से निर्मित)

Que. 'विवेकानंद जी का व्यक्तित्व अत्यंत प्रभावशाली था।' इसमें 'व्यक्तित्व' शब्द संज्ञा का कौन-सा भेद दर्शाता है?

(UPSSSC Junior Assistant 29 June 2025)

(A) भाववाचक

(B) समूहवाचक

(C) जातिवाचक

(D) व्यक्तिवाचक

(E) उपर्युक्त में से कोई नहीं

Ans A. भाववाचक 

6. अभ्यास प्रश्नोत्तरी (Practice Quiz for Exams)

  1. 'थकान' और 'घबराहट' शब्द किस व्याकरणिक कोटि से निर्मित भाववाचक संज्ञाएँ हैं?

  2. जातिवाचक संज्ञा 'पशु' और 'मित्र' की भाववाचक संज्ञाएँ लिखिए।

  3. 'दूरियाँ' शब्द में कौन-सी संज्ञा होगी? (भाववाचक या जातिवाचक)

उत्तर कुंजी (Self Check):

  1. क्रिया से (थकना तथा घबराना क्रिया से)।

  2. पशुता / पशुत्व और मित्रता।

  3. जातिवाचक संज्ञा (क्योंकि भाववाचक संज्ञा 'दूरी' का बहुवचन 'दूरियाँ' बनने पर वह जातिवाचक संज्ञा का रूप ले लेती है)।

निष्कर्ष (Conclusion)

भाववाचक संज्ञा हिंदी व्याकरण का एक आधारभूत और अंकदायी विषय है। प्रतियोगी परीक्षाओं में इस खंड से पूरे अंक प्राप्त करने के लिए प्रत्यय के प्रयोग, संज्ञा/विशेषण/क्रिया से रूपांतरण के नियमों और एकवचन-बहुवचन प्रयोग के अंतर का निरंतर अभ्यास करें। इस संपूर्ण नोट्स को अपनी तैयारी के लिए बुकमार्क करें।

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